गौलापार स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के सुरक्षा कार्यों का सांसद अजय भट्ट ने किया निरीक्षण
हल्द्वानी। नैनीताल-ऊधमसिंह नगर सांसद एवं पूर्व केंद्रीय रक्षा एवं पर्यटन राज्यमंत्री अजय भट्ट ने सोमवार को गौलापार स्थित अंतरराष्ट्रीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स (स्टेडियम) के बाढ़ सुरक्षा कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने स्टेडियम की सुरक्षा के लिए किए गए कार्यों और प्रस्तावित योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली।
सांसद ने बताया कि एसडीएमएफ के अंतर्गत स्टेडियम की सुरक्षा के लिए 36.82 करोड़ रुपये की लागत से कराए गए सुरक्षात्मक कार्यों तथा 14.55 करोड़ रुपये की प्रस्तावित बाढ़ सुरक्षा योजना का निरीक्षण किया गया। उन्होंने निर्धारित समय से पूर्व स्टेडियम की सुरक्षा के लिए प्रस्तावित सुरक्षात्मक कार्य पूर्ण किए जाने पर संबंधित विभाग की उपलब्धि पर संतोष व्यक्त किया।
निरीक्षण के दौरान सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता, प्रभागीय वनाधिकारी तराई पूर्वी वन प्रभाग हल्द्वानी, प्रभागीय वनाधिकारी हल्द्वानी वन प्रभाग, खेल विभाग की उपसचिव राशिका सिद्धिकी सहित अन्य अधिकारी, कर्मचारी एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
सांसद भट्ट ने स्टेडियम की सुरक्षा के लिए किए गए 36.82 करोड़ रुपये के कार्यों पर संतुष्टि जताते हुए प्रस्तावित 14.55 करोड़ रुपये की योजना के कार्यों को पूरा कराने में वन विभाग से सहयोग प्रदान करने के निर्देश दिए।
इसके बाद सर्किट हाउस काठगोदाम में सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता इंजीनियर संजय शुक्ल एवं अन्य अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की गई। बैठक में आपदा से हुई क्षति और पुनर्निर्माण के लिए प्रस्तावित योजनाओं की समीक्षा की गई।
सांसद ने नैनी झील की सुरक्षा, भीमताल डैम के पुनर्निर्माण तथा ऊधमसिंह नगर जिले में बाजपुर से गुमसानी तक लेवड़ा नदी की बाढ़ से सुरक्षा के लिए की जा रही कार्रवाई की जानकारी भी ली।
अधिकारियों ने बताया कि नैनी झील की सुरक्षा के लिए 38 करोड़ रुपये, जबकि बाजपुर में लेवड़ा नदी की बाढ़ से सुरक्षा के लिए 18.84 करोड़ रुपये की योजना गठित कर प्रेषित की गई है। भीमताल डैम के पुनर्निर्माण के लिए केंद्र की विशेषज्ञों की टीम से परीक्षण कराया जाना प्रस्तावित है।
सांसद ने बालियानाले के कार्यों की गुणवत्ता एवं उपयोगिता पर संतुष्टि व्यक्त करते हुए डांउस्ट्रीम क्षेत्र में पास कृष्णापुरी के आसपास हो रहे भू-स्खलन की जानकारी भी ली। विभाग की ओर से बताया गया कि यूएलएमएमसी द्वारा उक्त भू-भाग का स्थलीय निरीक्षण किया जा चुका है। इसकी रिपोर्ट सचिव आपदा को उपलब्ध कराई जाएगी।
